चीन की डबल-लेयर फॉइल वाइंडिंग मशीन आपूर्तिकर्ता - ट्रांसफार्मर और विद्युत उपकरणों के लिए कुशल फैक्ट्री समाधान
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उत्पाद विनिर्देश
कोड | एसएच-600 | एसएच 800 | एसएच-1100 | एसएच-1400 |
कुंडल का बाहरी व्यास | 150-750 मिमी | 150-850 मिमी | 200-1000 मिमी | 200-1000 मिमी |
पन्नी की चौड़ाई | 100-600 मिमी | 150-800 मिमी | 200-1100 मिमी | 300-1400 मिमी |
पन्नी की परतें | एक ही या द्वि | |||
पन्नी की मोटाई | Cu: 0.3-2.5 मिमी | अल: 0.5-3.0 मिमी | |||
घुमाव की गति | 0-30 आरपीएम | 0-30 आरपीएम | 0-20 आरपीएम | 0-20 आरपीएम |
पन्नी का अधिकतम तनाव | 6000एन | 8000एन | 10000एन | 14000एन |
वेल्डिंग गति | 0–0.5 मीटर/मिनट | |||
सुधार परिशुद्धता | ±0.5 मिमी | |||
वेल्डिंग विधि | टीआईजी या कोल्ड प्रेशर वेल्डिंग | |||
लाभ
- 1सिंक्रोनस डबल-लेयर वाइंडिंग: यह एक साथ दोहरी परत वाली कॉइल वाइंडिंग को संभव बनाता है, जिससे उत्पादन चरणों में कमी आती है और दक्षता में सुधार होता है।
- 2ड्यूल-पाथ प्रेसिजन कंट्रोल: दो फॉइल पथों के लिए स्वतंत्र तनाव नियंत्रण, जिससे एकसमान परत वितरण और कॉइल की सटीकता सुनिश्चित होती है।
- 3उच्च उत्पादन क्षमता: स्वचालित फीडिंग और वाइंडिंग से मैनुअल हस्तक्षेप कम होता है और संपूर्ण उत्पादन चक्र छोटा हो जाता है।
- 4व्यापक सामग्री अनुकूलता: विभिन्न आवश्यकताओं के लिए अलग-अलग मोटाई की कई धातु की पन्नी (तांबा, एल्युमीनियम) के साथ संगत।
- 5स्थिर और विश्वसनीय प्रदर्शन: मजबूत संरचना और उन्नत नियंत्रण प्रणाली, दीर्घकालिक स्थिर संचालन और कम विफलता दर सुनिश्चित करती है।
उत्पाद प्रदर्शन
आवेदन
- 1मध्यम/उच्च वोल्टेज ट्रांसफार्मर निर्माण: मध्यम/उच्च वोल्टेज पावर ट्रांसफार्मर में दोहरी परत वाली फ़ॉइल कॉइल लपेटने के लिए मुख्य उपकरण, जो कॉइल की सघनता को बढ़ाता है।
- 2उच्च क्षमता वाले रिएक्टरों का उत्पादन: शंट रिएक्टरों और फिल्टर रिएक्टरों के लिए दोहरी परत वाली पन्नी की कॉइलों को लपेटने के लिए उपयोग किया जाता है, जो उच्च-धारा आवश्यकताओं को पूरा करता है।
- 3नई ऊर्जा विद्युत रूपांतरण प्रणालियाँ: यह नई ऊर्जा इनवर्टर, ऊर्जा भंडारण कन्वर्टर और उच्च-शक्ति रेक्टिफायर में कॉइल निर्माण के लिए उपयुक्त है।
- 4औद्योगिक उच्च-शक्ति उपकरण: इसका उपयोग औद्योगिक आवृत्ति कन्वर्टर, उच्च-शक्ति ट्रांसफार्मर और वेल्डिंग पावर स्रोतों के लिए कॉइल उत्पादन में किया जाता है।
- 5रेलवे विद्युत प्रणाली: रेलवे ट्रैक्शन ट्रांसफार्मर और सहायक बिजली आपूर्ति उपकरणों के लिए वाइंडिंग कॉइल में इसका उपयोग किया जाता है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्नों
क्यू एसएच सीरीज फॉइल वाइंडिंग मशीन के साथ कौन-कौन सी फॉइल सामग्री संगत हैं?
SH श्रृंखला कॉपर (Cu) और एल्युमीनियम (Al) दोनों प्रकार की पन्नी के लिए उपयुक्त है। कॉपर पन्नी की मोटाई 0.3–2.5 मिमी तक होती है, जबकि एल्युमीनियम पन्नी की मोटाई 0.5–3.0 मिमी तक होती है, जिससे यह ट्रांसफार्मर और रिएक्टर कॉइल के विभिन्न अनुप्रयोगों के लिए उपयुक्त है।
क्यू SH-600, SH-800, SH-1100 और SH-1400 मॉडल में क्या अंतर है?
मुख्य अंतर फॉइल की चौड़ाई क्षमता और अधिकतम फॉइल तनाव में निहित है। SH-600 600 मिमी तक की फॉइल चौड़ाई और 6,000N के अधिकतम तनाव को संभाल सकता है, जबकि SH-1400 1,400 मिमी तक की चौड़ाई और 14,000N के अधिकतम तनाव को सपोर्ट करता है। अपने कॉइल के आकार और उत्पादन आवश्यकताओं के आधार पर मॉडल का चयन करें।
क्यू क्या यह मशीन सिंगल-लेयर और डबल-लेयर दोनों तरह की वाइंडिंग को सपोर्ट करती है?
जी हां। एसएच श्रृंखला के सभी मॉडल सिंगल-लेयर और डबल-लेयर फॉइल वाइंडिंग दोनों को सपोर्ट करते हैं। सिंक्रोनस डबल-लेयर वाइंडिंग क्षमता एक प्रमुख विशेषता है जो उत्पादन दक्षता और कॉइल की स्थिरता में उल्लेखनीय सुधार करती है।
क्यू एसएच सीरीज फॉइल वाइंडिंग मशीन पर कौन-कौन सी वेल्डिंग विधियां उपलब्ध हैं?
SH सीरीज़ दो वेल्डिंग विधियों को सपोर्ट करती है: TIG (टंगस्टन इनर्ट गैस) वेल्डिंग और कोल्ड प्रेशर वेल्डिंग। दोनों विधियाँ 0–0.5 मीटर/मिनट की वेल्डिंग गति पर उपलब्ध हैं, जो मजबूत और विश्वसनीय फ़ॉइल कनेक्शन सुनिश्चित करती हैं।
क्यू यह मशीन किन उद्योगों और अनुप्रयोगों के लिए सबसे उपयुक्त है?
एसएच सीरीज की फॉइल वाइंडिंग मशीन का व्यापक रूप से मध्यम/उच्च-वोल्टेज ट्रांसफार्मर निर्माण, बड़ी क्षमता वाले रिएक्टर उत्पादन, नई ऊर्जा विद्युत रूपांतरण प्रणालियों, औद्योगिक उच्च-शक्ति उपकरणों और रेलवे विद्युत प्रणालियों में उपयोग किया जाता है - ऐसी किसी भी जगह पर जहां सटीक, उच्च-दक्षता वाली फॉइल कॉइल वाइंडिंग की आवश्यकता होती है।
क्यू एसएच सीरीज में एज करेक्शन सिस्टम कितना सटीक है?
SH सीरीज़ में ±0.5 मिमी की सटीकता वाला स्वचालित एज करेक्शन सिस्टम है। यह सुनिश्चित करता है कि वाइंडिंग प्रक्रिया के दौरान फ़ॉइल की परतें सटीक रूप से संरेखित हों, जिसके परिणामस्वरूप एकसमान आयाम और न्यूनतम अपव्यय के साथ उच्च गुणवत्ता वाली कॉइल बनती हैं।


